Naina Devi Temple in Nainital Uttarakhand
मां नैना देवी मंदिर : वो पावन शक्तिपीठ जहाँ गिरी थी माँ सती की आँख।

Naina Devi Temple in Nainital Uttarakhand : उत्तराखंड के नैनीताल जिले के नैनीताल शहर में यूं तो एक से बढ़कर एक सुंदर देखने लायक जगहें है लेकिन मल्लीताल स्थित मां नैना देवी के मंदिर की तो बात ही कुछ अलग है। यह 64 शक्तिपीठों में से एक मां सती (पार्वती जी) को समर्पित एक भव्य मंदिर है। कहते हैं कि यहां पर मां सती की आंख (नैन) गिरी थी जब भगवान भोलेनाथ मां पार्वती के सती होने के बाद उनको उठाए पूरे कैलाश में घूम रहे थे । इसीलिए मां पार्वती को यहां नैना देवी के रूप में पूजा जाता है । बेहद पवित्र मां नैना देवी मंदिर हर वक्त श्रद्धालुओं से भरा रहता है। मां नैना देवी का आशीर्वाद लेने उनके दर पर हजारों श्रद्धालु हर रोज पहुंचते हैं । इस मंदिर में सुबह शाम होने वाली आरती तथा घंटों की आवाज पूरे शहर में सुनाई देती है जो वातावरण को पवित्र कर देती है और यहां पर उपस्थित हर व्यक्ति को असीम शांति , नई ऊर्जा प्रदान करती है तथा जीवन को नए उत्साह से भर देती है।
क्या करें ?
मंदिर का वातावरण बेहद आध्यात्मिक व सुकून प्रदान करने वाला है। नैना देवी मंदिर से पूरा नैनीताल शहर दिखाई देता है। हर दिन नैना देवी मंदिर सुबह 6 बजे से रात 10 बजे तक श्रद्धालुओं के लिए खुला रहता है। श्रद्धालु मंदिर में प्रतिदिन प्रात: और शाम को होने वाली आरती में भाग ले सकते हैं।
ध्यान रखने योग्य बातें ।
मंदिर की यात्रा के लिए मार्च से जून और अक्टूबर से दिसंबर तक अच्छा हैं। मंदिर परिसर में प्रवेश करने से पहले अपने जूते -चप्पल उतार दें। मंदिर में साफ़ -सफाई का विशेष ध्यान रखें। मंदिर के नियमों का पालन करें। अगर आप नैनीताल में एक – दो दिन रुकना चाहते हैं तो आने से पहले कोई Hotel Book कर लीजिए।
अवधि।
मंदिर का वातावरण बेहद सूकून देने वाला होता हैं। इसीलिए आप मंदिर में एक से दो धंटे आराम से बिता सकते हैं। अगर आप नैनीताल में एक – दो दिन रुकना चाहते हैं तो आने से पहले कोई Hotel Book कर लीजिए।
